NEET 2021: सुप्रीम कोर्ट ने हाई कोर्ट के फैसले पर लगाई रोक, 2 छात्रों के लिए दोबारा नहीं होगी नीट 2021 परीक्षा

<p style="text-align: justify;"><strong>NEET 2021:</strong> सुप्रीम कोर्ट ने राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) के दो अभ्यर्थियों के लिए पुन: परीक्षा कराने का राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी को निर्देश देने संबंधी बॉम्बे हाई कोर्ट के आदेश को शुक्रवार को खारिज कर दिया. इन दोनों विद्यार्थियों के प्रश्नपत्र और उनकी ओएमआर (ऑप्टिकल मार्क रिकग्निशन) शीट महाराष्ट्र के एक परीक्षा केंद्र में आपस में मिल गई थीं. न्यायमूर्ति एल नागेश्वर राव और न्यायमूर्ति बी आर गवई की पीठ ने कहा कि वह याचिका दायर करने के याचिकाकर्ताओं के कारण के साथ सहानुभूति रखती है, लेकिन केवल उनके लिए पुन: परीक्षा का निर्देश देना मुश्किल होगा.</p> <p style="text-align: justify;">पीठ ने कहा, "हमने प्रतिवादी संख्या एक और दो (छात्रों) के परिणाम और उन्हें दिए गए नंबर देखे हैं. उन्होंने अधिकतर प्रश्नों का उत्तर दिया है. कीमती समय नष्ट हो जाने के कारण वे सभी प्रश्नों के उत्तर नहीं दे सके और हम इन युवा छात्रों की परीक्षा देते समय की मानसिक स्थिति की भी सराहना करते हैं." उसने कहा, "हालांकि हमें (याचिका दायर करने के) उनके कारण से सहानुभूति है, हमारे लिए केवल उनके लिए पुन: परीक्षा कराने का निर्देश देना मुश्किल है, इसलिए हम फिर से परीक्षा कराए जाने के हाई कोर्ट के आदेश को दरकिनार करते हैं. रिट याचिका खारिज की जाती है."</p> <p style="text-align: justify;"><strong>एनटीए ने सुप्रीम कोर्ट में दी थी चुनौती </strong></p> <p style="text-align: justify;">हाई कोर्ट के आदेश को राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) ने उच्चतम न्यायालय में चुनौती दी थी. स्नातक स्तर के मेडिकल पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिहाज से नीट परीक्षा आयोजित करने के लिए 2018 में एनटीए की स्थापना की गई थी. बंबई उच्च न्यायालय ने 20 अक्टूबर को एक अभूतपूर्व फैसले में एनटीए को आदेश दिया था कि दो अभ्यर्थियों के लिए नए सिरे से परीक्षा आयोजित की जाए और उनके परिणाम 12 सितंबर को हुई परीक्षा के मुख्य परिणामों के साथ घोषित किए जाएं.</p> <p style="text-align: justify;">हाई कोर्ट ने इस तथ्य का संज्ञान लिया था कि दो अभ्यर्थियों -वैष्णवी भोपाली और अभिषेक शिवाजी- के प्रश्नपत्र और उनकी ओएमआर शीट परीक्षा शुरू होने से पहले परीक्षा केंद्र पर आपस में मिल गई थीं. अदालत ने आदेश दिया था कि उन्हें नए सिरे से परीक्षा देने का अवसर मिले. एनटीए ने याचिका में कहा था कि 16 लाख से अधिक अभ्यर्थियों के लिए 12 सितंबर को परीक्षा आयोजित की गई थी और उच्च न्यायालय के आदेश के कारण परिणामों की घोषणा रुकी हुई है. उसने कहा था कि परिणाम की घोषणा में देरी एमबीबीएस, बीडीएस, बीएएमएस, बीएसएमएस, बीयूएमएस और बीएचएमएस जैसे स्नातक पाठ्यक्रमों में प्रवेश की प्रक्रिया प्रभावित होगी और इसमें देरी होगी.</p> <p><a title="&lt;strong&gt;ABP Cvoter Survey: पंजाब, यूपी, उत्तराखंड और गोवा में कौन हैं मुख्यमंत्री पद की पहली पसंद&lt;/strong&gt;" href="https://www.abplive.com/news/india/assembly-elections-2022-abp-cvoter-survey-know-which-candidates-popular-as-cm-candidate-in-up-uttarakhand-punjab-and-goa-1996921" target=""><strong>ABP Cvoter Survey: पंजाब, यूपी, उत्तराखंड और गोवा में कौन हैं मुख्यमंत्री पद की पहली पसंद</strong></a><br /><br /></p> <p><a title="&lt;strong&gt;Aryan Khan Drugs Case: ड्रग्स केस में जमानत पर रिहा आर्यन खान NCB दफ्तर पहुंचे, लगाई साप्ताहिक हाजिरी&lt;/strong&gt;" href="https://www.abplive.com/news/india/shah-rukh-khan-son-aryan-khan-appears-before-ncb-to-mark-his-weekly-presence-before-the-agency-1996779" target=""><strong>Aryan Khan Drugs Case: ड्रग्स केस में जमानत पर रिहा आर्यन खान NCB दफ्तर पहुंचे, लगाई साप्ताहिक हाजिरी</strong></a><br /><br /></p>

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Team My Nation News
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